Some Random Poetries…..

1. Main jaisa bachpan mein tha

मैं जैसा बचपन में था, उसी तरह मैं अब तक हूं,

खिले बाग़ को देख देख कर, बुरी तरह हैरान,

आसपास मेरे क्या होता है, इस सब से अनजान।

2. Maa ko maanta hun

मैंने भगवान को भी नही देखा, 

जमीन पर मैंने अल्लाह को भी नही देखा,

लोग कहते है नास्तिक हूं मैं, 

मैं किसी भगवान को नही मानता, लेकिन में माँ को मानता हूँ।

मांग लू यह मन्नत की फिर यहीं जहां मिले,

फिर वही गोद, फिर वही माँ मिले।

3. Kya hai sukoon

क्या है सूकून?

घर के आगे की मिट्टी में पहली बारिश की बूंद।

4. Anjaam Tak

पहले दोस्त बने, दोस्त से जान बने,

जान से अनजान बने, और बस ज़िन्दगी आगे बढ़ गयी,

देखिये के कौन आगे के सफ़र में साथ था,

देखिये फिर कौन बाकी रह गया अंजाम तक।

5. Shauk Bada hone ka

अलमारी से मिले बचपन के खिलौने,

मेरी आँखों की उदासी देख कर बोले,

तुम्हे ही बहुत शौक था, बड़ा होने का।

6. Dost

ये जो दोस्त होते है ना, ये बड़े ही बेशकीमती होते है,

इन्हें महफूज़ रखा करे।

 

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Khushboo Purohit

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